राष्ट्रसेवा के साधक ए. बालकृष्णन को भावपूर्ण श्रद्धांजलि, पांच दशक के योगदान को किया याद


विवेकानन्द केन्द्र की श्रद्धांजलि सभा में ए. बालकृष्णन के राष्ट्रकार्य, प्रेरणादायी जीवन और स्वामी विवेकानन्द के विचारों के प्रचार को किया स्मरण।

भीलवाड़ा। राष्ट्र-निर्माण, मनुष्य-निर्माण तथा स्वामी विवेकानन्द के विचारों के प्रचार-प्रसार के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले विवेकानन्द केन्द्र, कन्याकुमारी के वरिष्ठ कार्यकर्ता ए. बालकृष्णन के महाप्रयाण पर भीलवाड़ा शाखा की ओर से श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। सभा में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने ए. बालकृष्णन के करीब पांच दशकों के राष्ट्रकार्य, कर्मनिष्ठ जीवन और राष्ट्रसेवा में योगदान को याद करते हुए उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

कार्यक्रम का शुभारंभ तीन ओंकार एवं प्रार्थना के साथ हुआ। इसके बाद डॉ. डी.एन. व्यास ने ए. बालकृष्णन के जीवन चरित्र एवं श्रद्धांजलि प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने विवेकानन्द केन्द्र के साथ उनके लंबे आत्मीय जुड़ाव तथा राष्ट्रहित में किए गए कार्यों को स्मरण करते हुए उनके जीवन को कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणादायी बताया।

पांच दशक के राष्ट्रकार्य को किया याद

श्रद्धांजलि प्रतिवेदन में ए. बालकृष्णन के विवेकानन्द केन्द्र से करीब पांच दशक के जुड़ाव और राष्ट्रसेवा के प्रति उनके समर्पण को विशेष रूप से याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने राष्ट्र-निर्माण और मनुष्य-निर्माण के उद्देश्य को अपने जीवन के कार्य के रूप में अपनाया तथा स्वामी विवेकानन्द के विचारों को समाज तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

उनके कार्य एवं विचारों को याद करते हुए उपस्थित कार्यकर्ताओं ने कहा कि उनका जीवन सेवा, समर्पण और राष्ट्रकार्य के प्रति प्रतिबद्धता की प्रेरणा देता रहेगा।

कार्यकर्ताओं ने साझा किए संस्मरण

श्रद्धांजलि सभा के दौरान विवेकानन्द केन्द्र के कार्यकर्ताओं ने ए. बालकृष्णन के साथ बिताए अपने संस्मरण और उनसे प्राप्त शिक्षाओं को साझा किया। कार्यकर्ताओं ने उनके व्यक्तित्व, कार्यशैली और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण से जुड़े अनुभवों को याद करते हुए उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया।

वक्ताओं ने कहा कि उनके साथ जुड़े अनुभव और उनसे मिली सीख आने वाले समय में भी कार्यकर्ताओं को राष्ट्र एवं समाज के लिए कार्य करने की प्रेरणा देती रहेगी।

श्रीमद्भगवद्गीता का किया पाठ

कार्यक्रम के अगले चरण में श्रीमद्भगवद्गीता का पाठ किया गया। गीता के अमर संदेशों के बीच उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने दिवंगत आत्मा को श्रद्धापूर्वक नमन किया।

प्रार्थना एवं गीता पाठ के माध्यम से ए. बालकृष्णन के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए उनके राष्ट्रसेवा के कार्यों को स्मरण किया गया।

पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं की रही मौजूदगी

श्रद्धांजलि सभा में प्रांत संचालक श्रीमती शकुंतला डाड, प्रांत प्रमुख भगवान सिंह चौहान, विधायक अशोक कोठारी, विभाग सह प्रमुख सत्यम शर्मा, युवा प्रमुख शैलेन्द्र केलानी, व्यवस्था प्रमुख मधु गुप्ता, सह नगर प्रमुख प्रतिमा गर्ग, दिव्या नरानिया, साधना जैन सहित विवेकानन्द केन्द्र के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

सभी ने ए. बालकृष्णन के राष्ट्रकार्य और प्रेरणादायी जीवन को स्मरण करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके बताए सेवा एवं राष्ट्रकार्य के मार्ग पर आगे बढ़ने की भावना व्यक्त की।

राष्ट्रनिर्माण की प्रेरणा देता रहेगा जीवन

श्रद्धांजलि सभा के माध्यम से विवेकानन्द केन्द्र के कार्यकर्ताओं ने ए. बालकृष्णन के जीवन और कार्यों को स्मरण करते हुए कहा कि राष्ट्र-निर्माण एवं मनुष्य-निर्माण के प्रति उनका समर्पण समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा।

स्वामी विवेकानन्द के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने तथा राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित उनका जीवन कार्यकर्ताओं को सेवा, संस्कार और राष्ट्रहित के लिए निरंतर कार्य करने की प्रेरणा देता रहेगा।

यह भी पढ़ें:


Aawaz Aapki News WhatsApp चैनल से जुड़ें:

सबसे तेज़ और ताज़ा खबरें सीधे अपने व्हाट्सएप पर पाएं।

WhatsApp अभी जुड़ें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *