बांसवाड़ा| राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण होने पर कुशलगढ़ के प्रचार विभाग कुशलगढ़ लोहारिया मंडल में प्रथम विजयादशमी उत्सव बारिश के चलते सम्पन्न हुआ । जिसमे प्रोढ़ ,विधार्थी व्यवसायी कुल 164 स्वयंसेवक ने उपस्थित रहे जिसमे मुख्य अतिथि लोहारिया मंडल के प्रथम स्वयसेवक श्री मान दिगपाल सिंह जी राठोड व मुख्य वक्ता बांसवाडा विभाग के विभाग प्रचारक विकासराजजी ने सर्वप्रथम शस्त्र पूजन कर सभी को संबोधित करते हुए कहा की संघ शताब्दी वर्ष केवल उत्सव नहीं बल्कि राष्ट्र निर्माण के लिए नई उर्जा और नये संकल्पों का प्रतीक हे । संघ की 100 वर्ष की यात्रा होने पर डॉक्टर हेडगेवार जी का विश्वास व् कल्पना थी की संघ व् समाज का एकाकार हो जाये समाज में परिवर्तन एकाकार होने के पंच बिंदु हे जिनका अनुसरण प्रत्येक स्वयमसेवक को अपने जीवन में करना चाहिए कार्य विस्तार व् शाखा सुदृढ़ीकरण के साथ -साथ कुटुम्ब प्रबोधन, पर्यावरण सरक्षण ,सामाजिक समरसता , नागरिक शिष्टाचार एवं स्व.आधारित व्यवस्था का निर्माण जरुरी हे । तथा उन्होंने 1925 से आजतक संघ पर लगे प्रतिबंधो व उन परिस्थतियो में भी स्वयंसेवको के द्वारा समाज में अनुशासन के साथ किये गए सेवा कार्यो की जानकारी दी एक शाखा – अनगिनत संस्कार ,एक स्वयसेवक –अनगिनत सेवा , यही संघ की गौरवगाथा है ।