डॉक्टर के शरीर पर आधा दर्जन से ज़्यादा जगहों पर थे गहरे घाव,ज्यादा खून बहने से हुई मौत
पीठ,नाक,गुप्तांग और सिर के पिछले हिस्से में लगी थी गहरी चोट,नहीं दर्ज हुई है रिपोर्ट
ब्यूरो राजदेव द्विवेदी/ प्रयागराज।झूंसी थाना क्षेत्र अन्तंगत छतनाग रोड के सरायतकी के रहने वाले 54 वर्षीय पैथालाजिस्ट शोभनाथ मौर्य की मौत ज्यादा खून बह जाने से हुयी थी। उनके बदन पर चोटों के आधा दर्जन से ज्यादा घाव के गहरे निशान पाए गए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से साफ हुआ है कि गहरी चोट और ज़्यादा खून बह जाने के कारण उनकी मौत हुयी। अब सवाल यह उठ रहा है कि डॉक्टर की मौत सांड के हमले में हुई या फिर किसी ने उनकी हत्या की। पुलिस दोनों एंगल खंगाल रही है। वारदात के दूसरे दिन बुधवार की देर शाम तक घटना की रिपोर्ट नहीं दर्ज की गई थी। घटना से परिजनों में दूसरे दिन भी कोहराम मचा रहा। गंगापार के सैदाबाद के दुशौती गांव निवासी 54 वर्षीय शोभनाथ मौर्य पुत्र विश्वनाथ मौर्य पेशे से पैथालाजिस्ट थे। तकरीबन 30 साल से वह परिवार के साथ छतनाग रोड के सरायतकी कालोनी में रह रहे थे। लीलापुर रोड की एक मार्केट में उन्होंने अपना पैथोलाजी सेंटर खोल रखा था। उनकी पत्नी नीतू मौर्य का देहांत कोविड काल में हो गया था। पैथालाजिस्ट घर पर बेटी अर्पिता,बेटे अर्पण और भतीजे अंकित मौर्य के साथ रहते थे। सोमवार की रात तकरीबन तीन बजे वह भतीजे अंकित से यह कह कर निकले कि एक मरीज को देखकर दस मिनट में आ रहे हैं। साथ में बीपी मशीन और आला भी ले गए थे। देर रात तक वह घर नहीं लौटे तो परिजन परेशान हो गए। इसी बीच मंगलवार की सुबह उनकी लाश बगल में त्रिवेणीपुरम कालोनी के सरस्वती सेक्टर की खाली ज़मीन पर जमा हुए कूड़े के ढेर में अर्धनग्न अवस्था में औंधे मुंह पड़ी मिली। उनकी पैंट,अंडरवियर और चप्पल कुछ दूर पर पड़ी थी। साथ ही वहीं पर बीपी मशीन और आला भी पड़ा हुआ था। शोभनाथ के गुप्तांग के अगल बगल गहरी चोटें थी और साथ ही सिर के पिछले हिस्से और नाक से खून रिस रहा था। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया। बुधवार को आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट से साफ हुआ कि ज्यादा खून बह जाने के कारण पैथालाजिस्ट की मौत हुयी। लोगों का कहना था कि सांड के हमले में पैथालाजिस्ट की मौत हुई। पर पोस्टमार्टम रिपोर्ट किसी दूसरी ओर इशारा कर रही हैं। इंस्पेक्टर झंसी वैभव सिंह का कहना है कि वारदात के हर पहलू पर तफ्तीश की जा रही है। घटना के दूसरे दिन भी रिपोर्ट नहीं दर्ज की गई थी।

2008 से लगातार पत्रकारिता कर रहे हैं। 2008 से 2019 तक सर्वोदय वार्ता, सर्वोदय वार्ता मैगजीन में। 2020 से 2021 तक इंडियन लाइव टीवी में । 2021 से 2023 तक दैनिक समाचार पत्र पूर्वांचल स्वर प्रयागराज में। 2023 से 2024 तक दैनिक समाचार पत्र लक्ष्मण नगर जंक्शन में। 2024 से अब तक लगातार दैनिक समाचार पत्र लक्ष्य सामग्र में। 2021 से अब तक आवाज आपकी न्यूज़ पोर्टल में पत्रकार हैं।