पहली बार हो रहे नगर पालिका चुनाव में 9 सितंबर को मतदान, बागी उम्मीदवारों ने बढ़ाई दोनों प्रमुख दलों की मुश्किलें।
बौंली/बामनवास। दोनों नगर पालिका क्षेत्रों में भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशियों की सूची जारी होते ही चुनावी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। नगर पालिका घोषित होने के बाद बौंली और बामनवास में पहली बार पार्षद चुनाव होने जा रहे हैं, जिसे लेकर आमजन में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। प्रत्याशियों की घोषणा के बाद गली-मोहल्लों, चौपालों और स्थानीय स्तर पर चुनावी चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
बौंली नगर पालिका में 25 वार्डों तथा बामनवास नगर पालिका में 20 वार्डों के लिए आगामी 9 सितंबर को मतदान होगा। चुनाव को लेकर प्रशासन ने आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं और दोनों नगर पालिका मुख्यालयों पर चुनाव प्रक्रिया को शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।
पहली बार नगर पालिका चुनाव को लेकर उत्साह
बौंली और बामनवास को नगर पालिका का दर्जा मिलने के बाद यह पहला पार्षद चुनाव है। ऐसे में स्थानीय लोगों में चुनाव को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दे रहा है। प्रत्याशी अपने-अपने वार्डों में जनसंपर्क कर मतदाताओं से समर्थन मांगने में जुट गए हैं।
भाजपा और कांग्रेस के अधिकृत प्रत्याशियों की सूची सामने आने के बाद अब दोनों दलों के कार्यकर्ताओं ने प्रचार अभियान तेज कर दिया है। स्थानीय मुद्दों के साथ-साथ प्रत्याशियों की व्यक्तिगत पकड़ और जनसंपर्क भी चुनाव में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
बागी उम्मीदवारों ने बढ़ाई भाजपा-कांग्रेस की चिंता
प्रत्याशियों की सूची जारी होने के बाद भाजपा और कांग्रेस दोनों को बागी उम्मीदवारों की चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। टिकट नहीं मिलने से नाराज कई दावेदार निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव मैदान में उतरने की तैयारी में हैं।
बागी उम्मीदवारों के मैदान में डटे रहने से दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों के अधिकृत प्रत्याशियों के सामने चुनौती बढ़ गई है। हालांकि पार्टी स्तर पर नाराज दावेदारों को मनाने के प्रयास भी लगातार जारी हैं, ताकि अधिकृत प्रत्याशियों के पक्ष में पार्टी का वोट विभाजित न हो।
9 सितंबर को होगा मतदान
बौंली नगर पालिका के 25 पार्षद पदों और बामनवास नगर पालिका के 20 पार्षद पदों के लिए 9 सितंबर को मतदान कराया जाएगा। प्रशासन की ओर से मतदान केंद्रों, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य आवश्यक तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा चुका है।
नगर पालिका चुनाव के जरिए दोनों क्षेत्रों में पहली बार स्थानीय निकाय की निर्वाचित सरकार का गठन होगा। इसलिए यह चुनाव राजनीतिक दलों के साथ-साथ आम मतदाताओं के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
कानून व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट
चुनाव के दौरान कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने को लेकर पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क है। भरतपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक एवं सवाई माधोपुर जिला पुलिस अधीक्षक ने दोनों नगर पालिका मुख्यालयों का दौरा कर चुनावी तैयारियों और कानून व्यवस्था की समीक्षा की है।
पुलिस की ओर से बौंली और बामनवास में फ्लैग मार्च भी निकाला गया। इसके माध्यम से आमजन को शांतिपूर्ण माहौल में मतदान करने का संदेश दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने चुनाव के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
चुनावी मैदान में बढ़ी राजनीतिक हलचल
भाजपा और कांग्रेस दोनों ही दल पहली बार हो रहे नगर पालिका चुनाव में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं। अधिकृत प्रत्याशियों के साथ-साथ बागी उम्मीदवारों की सक्रियता ने मुकाबले को और दिलचस्प बना दिया है।
अब दोनों पार्टियों के सामने एक ओर अधिकृत प्रत्याशियों को जीत दिलाने की चुनौती है, वहीं दूसरी ओर नाराज दावेदारों को मनाकर पार्टी के भीतर संभावित वोट विभाजन को रोकना भी महत्वपूर्ण होगा। आने वाले दिनों में जनसंपर्क और चुनाव प्रचार के साथ बौंली और बामनवास के राजनीतिक समीकरण और अधिक स्पष्ट होने की संभावना है।
यह भी पढ़ें:

Sawai Madhopur, Rajasthan
Aawaz Aapki News WhatsApp चैनल से जुड़ें:
सबसे तेज़ और ताज़ा खबरें सीधे अपने व्हाट्सएप पर पाएं।