गुरु पूर्णिमा महोत्सव पर हजारों श्रद्धालुओं ने यज्ञ में आहुतियां दीं, वैदिक संस्कारों के साथ महाप्रसादी का आयोजन हुआ।
नदबई। गुरु पूर्णिमा महोत्सव के अवसर पर नदबई स्थित गायत्री शक्तिपीठ में श्रद्धा, भक्ति और वैदिक परंपराओं के साथ नौ कुंडीय गायत्री महायज्ञ का भव्य आयोजन किया गया। महायज्ञ में हजारों श्रद्धालुओं एवं गायत्री परिवार के भाई-बहनों ने भाग लेकर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। पूरे शक्तिपीठ परिसर में आध्यात्मिक वातावरण और गुरु भक्ति की अनूठी छटा देखने को मिली।
महायज्ञ में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर सुबह से ही गायत्री शक्तिपीठ में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। यज्ञ, गुरु वंदना एवं पूजा-अर्चना के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। श्रद्धालुओं ने अपने गुरुजनों का पूजन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया तथा परिवार, समाज और राष्ट्र की सुख-समृद्धि एवं शांति की कामना की।
21 श्रद्धालुओं ने ग्रहण की गुरु दीक्षा
गायत्री परिवार के केदार गुप्ता ने बताया कि गुरु पूर्णिमा महोत्सव के दौरान 21 महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं ने गुरु दीक्षा ग्रहण की। इसके साथ ही 5 पुंसवन संस्कार, जन्मदिन संस्कार, गंगाजली खोलने सहित अनेक वैदिक संस्कार भी संपन्न कराए गए।
उन्होंने बताया कि इन संस्कारों का उद्देश्य भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों और आध्यात्मिक जीवन को सशक्त बनाना तथा समाज में सकारात्मक संस्कारों का प्रसार करना है।
महाप्रसादी में शामिल हुए हजारों श्रद्धालु
महायज्ञ एवं सभी धार्मिक अनुष्ठानों के समापन के बाद श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसादी का आयोजन किया गया। हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण कर गुरु पूर्णिमा महोत्सव में अपनी सहभागिता निभाई। आयोजन के दौरान गायत्री परिवार के कार्यकर्ताओं ने व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित किया।
गुरु पूर्णिमा महोत्सव ने श्रद्धालुओं में गुरु-शिष्य परंपरा, वैदिक संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों के प्रति नई ऊर्जा एवं आस्था का संचार किया।
यह भी पढ़ें:

Bharatpur, Rajasthan
Aawaz Aapki News WhatsApp चैनल से जुड़ें:
सबसे तेज़ और ताज़ा खबरें सीधे अपने व्हाट्सएप पर पाएं।