स्व. रामचंद्र मोदी के निधन के बाद परिवार ने नेत्रदान की सहमति देकर दुख की घड़ी में मानवता और सामाजिक जिम्मेदारी की मिसाल पेश की।
भीलवाड़ा। पंकज पोरवाल। भीलवाड़ा में मोदी परिवार ने किया नेत्रदान, जिससे प्राप्त कॉर्निया दो दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में उजियारा लाने में सहायक होंगे। इंसान के चले जाने के बाद भी उसके अंग किसी दूसरे व्यक्ति के जीवन में नई रोशनी ला सकते हैं। इसी भावना को साकार करते हुए वर्धमान कॉलोनी निवासी मोदी (गटियाणी) परिवार ने स्व. रामचंद्र मोदी के नेत्रदान की सहमति देकर समाज के सामने संवेदना, सेवा और मानवता का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया।
दुख की घड़ी में लिया प्रेरणादायक निर्णय
लायन राकेश पगारिया ने बताया कि नेत्रदान से प्राप्त कॉर्निया दो दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में उजियारा लाने में सहायक होंगे। दुख की घड़ी में भी किसी दूसरे व्यक्ति के जीवन में नया सवेरा लाने के लिए मोदी परिवार द्वारा लिया गया यह निर्णय संपूर्ण समाज के लिए प्रेरणादायक है।
परिवार ने अपने परिजन के निधन के बाद नेत्रदान की सहमति देकर सामाजिक उत्तरदायित्व और मानव सेवा का संदेश दिया। इस निर्णय से यह प्रेरणा मिलती है कि किसी व्यक्ति के जाने के बाद भी उसकी आंखों के माध्यम से किसी अन्य के जीवन में रोशनी आने की संभावना बन सकती है।
परिवार के सदस्यों ने दी नेत्रदान की सहमति
लायंस क्लब आई बैंक भीलवाड़ा की ओर से रविवार 30 अगस्त को मोदी परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया गया। स्व. रामचंद्र मोदी, पुत्र स्व. अंबालाल मोदी, निवासी वर्धमान कॉलोनी के निधन के बाद परिवार के सदस्यों ने नेत्रदान की सहमति प्रदान की।
परिवार की ओर से उनके पुत्र पुष्कर दयाल, दिनेश चंद्र, डॉ. राकेश मोदी तथा पौत्र सौरभ, अक्षत और अर्थव सहित परिवार के अन्य सदस्यों ने इस पुनीत कार्य के लिए सहमति दी।
दुख और शोक के वातावरण के बीच परिवार की ओर से लिया गया यह निर्णय मानवता और सेवा की भावना को दर्शाता है। परिवार ने नेत्रदान के माध्यम से दिवंगत रामचंद्र मोदी की आंखों से किसी अन्य के जीवन में रोशनी आने की राह प्रशस्त की।
कॉर्निया उत्सर्जन की प्रक्रिया पूरी
इस पुनीत कार्य में दीपक लढ्ढा एवं लायन राकेश पगारिया का विशेष सहयोग और प्रयास रहा। वहीं, लायंस क्लब आई बैंक की टीम ने आवश्यक प्रक्रिया को पूरा किया।
मीडिया प्रभारी मनीष बंब ने बताया कि डॉ. मोहित जेथलिया, डॉ. तरुणा दरगड़, डॉ. प्रतिष्ठा छिपा एवं नेत्र सहायक चेतन भट्ट के निर्देशन में वरिष्ठ नेत्र सहायक एवं टेक्नीशियन दिनेश बाथम मोदी परिवार के वर्धमान कॉलोनी स्थित निवास पर पहुंचे।
टीम ने वहां पहुंचकर कॉर्निया उत्सर्जन की प्रक्रिया पूरी की। नेत्रदान से प्राप्त कॉर्निया जरूरतमंद दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में रोशनी लाने में सहायक होंगे।
शोक के बीच मानवता और सेवा का संदेश
लायंस क्लब अध्यक्ष ललित सांखला ने कहा कि शोकाकुल वातावरण में परिवार द्वारा लिया गया यह साहसिक और प्रेरणादायक निर्णय अत्यंत सराहनीय है। उन्होंने मोदी परिवार के इस निर्णय को मानवता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम बताया।
मोदी परिवार द्वारा नेत्रदान की सहमति देने से समाज में नेत्रदान के प्रति जागरूकता और सेवा भावना को भी प्रोत्साहन मिलने का संदेश सामने आया है। परिवार ने दुख की घड़ी में भी ऐसा निर्णय लिया, जिससे दो दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में उजियारा आने की संभावना बनी है।
लायंस क्लब आई बैंक ने जताई संवेदना
लायंस क्लब आई बैंक भीलवाड़ा ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की। संस्था की ओर से शोक संतप्त मोदी परिवार के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त की गईं।
मोदी परिवार की ओर से स्व. रामचंद्र मोदी के नेत्रदान की सहमति का यह निर्णय संवेदना, सेवा और मानवता की भावना को मजबूत करने वाला है। दुख की घड़ी में लिया गया यह कदम समाज के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण के रूप में सामने आया है।
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Bhilwara, Rajasthan
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