(विशेष संवाददाता) : सवाई माधोपुर राजस्थान जिले की तहसील गंगापुर सिटी में एक और सनसनी खेज मामले का खुलासा करते हुऐ हिन्दुस्तान शिवसेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं दिल्ली हाई कोर्ट के एडवोकेट राजेन्द्रसिंह तोमर राजा भईया ने लिखित शिकायतें राज्य के स्वायत्त शासन सचिव सतर्कता, सम्भागीय आयुक्त भरतपुर, जिला कलेक्टर सवाई माधोपुर और एसडीएम गंगापुर सिटी को ई मेल द्वारा प्रेषित कर एक निष्पक्ष सर्तकता जांच कमेटी बना जांच करा कर, आरोपियों के विरुद्ध विभागीय एवं कानूनी कार्यवाही करने की मांग की है राजा भईया ने आज पत्रकारों को बताया कि सारे मामले के अनुसार उन्होंने पूर्व में गंगापुर सिटी नगर परिषद के आयुक्त एवं अन्य संबंधित अधिकारियों की लापरवाही , गैर जिम्मेदाराना कार्य एवं मिली भगत से करोड़ों रूपए की ऑटोमैटिक सफाई की गाड़ियों/ मशीनों को कंडम करने तथा उनकी नियमित देख रेख नहीं करने की शिकायतें उपरोक्त अधिकारियों को तथ्यों सहित की थी जिस पर उक्त अधिकारियों ने पूरे प्रकरण की जांच स्वयं ना करते हुये उन्हीं अधिकारियों (आयुक्त नगर परिषद गंगापुर सिटी) को सौंप कर जांच रिपोर्ट देने के आदेश दिए जिन पर आरोप थे ?? बड़ी अचरज की बात है कि जिन अधिकारियों पर ये गम्भीर आरोप लगे थे उन्हें ही जांच सौंपी गई ऐसे में निष्पक्ष जांच कर रिपोर्ट तैयार किया जाना संभव ही नहीं था, और हुआ भी यही शिकायत करने के समय और जांच रिपोर्ट देने के समय उक्त नगर परिषद के आयुक्त तथा एसडीएम पद की जिम्मेदारी एक ही व्यक्ति बृजेन्द्र मीणा नामक अधिकारी के पास है और थी अर्थात नगर आयुक्त और एसडीएम एक ही व्यक्ति है, इसी लिए एसडीएम गंगापुर सिटी को मनगढ़ंत एवं तथ्य हीन जांच रिपोर्ट पत्र क्रमांक 7553 दिनांक 02/01/2026 को नगर आयुक्त एवं अन्य आरोपियों द्वारा तैयार कर भेजी गई है जिसमें गलत तथ्य दर्शाते हुये पूरे मामले की लीपा पोती कर दी गई है और राज्य सरकार तथा जनता की गाढ़ी कमाई के करोड़ों रुपयों से खरीदे गए सफाई के ऑटोमैटिक वाहन/मशीनों को कंडम बता कर राज्य सरकार को करोड़ों रूपयों का चूना लगा दिया गया है, यह स्पष्ट कानून और नियम है कि कोई भी आरोपी अपने ही विरुद्ध किसी मामले की जांच स्वयं नहीं कर सकता है परन्तु उक्त प्रकरण में ऐसा ही किया गया है?? पत्रकारो को पुनः भेजी गई शिकायतों की प्रतियां देते हुए एडवोकेट राजेन्द्रसिंह तोमर राजा भईया ने बताया कि अब उन्होंने इस प्रकरण में नियम अनुसार एक निष्पक्ष सर्तकता जांच कमेटी बना कर आरोपियों के विरुद्ध जांच करा कर दोषियों के खिलाफ विभागीय एवं कानूनी कार्यवाही करने की मांग की है ऐसा नहीं करने पर उन्होंने कोर्ट जाने की चेतावनी भी दी है मामला राजस्व को नुकसान पहुंचाने का और अपने पद की जिम्मेदारी नहीं निभाने का है और नुकसान भी लाखों का नहीं बल्कि करोड़ों रूपयों का है। अब देखना होगा कि उक्त जिम्मेदार अधिकारी इस प्रकरण में क्या करते हैं? सवाल उठते हैं कि क्या निष्पक्ष जांच होगी?? क्या सरकारी अधिकारियों पर कोई कार्यवाही की जाएगी?? क्या सतर्कता जांच कमेटी बनाई जाएगी?? कैसी और किससे होगी इन करोड़ों रूपयों के राजस्व की वसूली?? क्या राजा भईया की मेहनत रंग लाएगी?? या पूरे प्रकरण को फिर से ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा?? यह तो अब आने वाले समय ही बताएगा।
2014 से लगातार पत्रकारिता कर रहे हैं। 2015 से 2021 तक गंगापुर सिटी पोर्टल (G News Portal) का बतौर एडिटर सञ्चालन किया। 2017 से 2020 तक उन्होंने दैनिक समाचार पत्र राजस्थान खोज खबर में काम किया। 2021 से 2022 तक दैनिक भास्कर डिजिटल न्यूज और साधना न्यूज़ में। 2021 से अब तक वे आवाज आपकी न्यूज पोर्टल और गंगापुर हलचल (साप्ताहिक समाचार पत्र) में संपादक और पत्रकार हैं। साथ ही स्वतंत्र पत्रकार हैं।